0

Sharad Purnima : चंद्रदेव कौन हैं? कैसे हुआ उनका जन्म, एक परिचय चमकते चंद्रमा का

मंगलवार,अक्टूबर 19, 2021
0
1
शरद पूर्णिमा को कोजागिरी पूर्णिमा व्रत और रास पूर्णिमा भी कहा जाता है... इस मौके पर आइए जानते हैं पौराणिक एवं प्रचलित कथा...
1
2
इस वर्ष आश्विन मास का प्रदोष व्रत 17 अक्टूबर 2021, रविवार को रखा जाएगा। रविवार के दिन यह व्रत आने के कारण इसे रवि प्रदोष व्रत कहा जाता है।
2
3
इस वर्ष शनिवार, 16 अक्टूबर 2021 को पापांकुशा एकादशी मनाई जा रही है। यह एकादशी पापों से मुक्ति देकर स्वर्ग प्राप्ति में सहायता कर‍ती है। प्रतिवर्ष शारदीय नवरात्रि की समाप्ति के बाद और विजयादशमी पर्व
3
4
कहते हैं कि प्रभु श्रीराम ने आश्‍विन माह की दशमी के दिन रावण का वध कर दिया था। रावण बहुत ही शक्तिशाली था और यदि विभीषण, हनुमान और जामवंत जैसे योद्धा नहीं होते तो संभवत: श्रीराम को रावण का वध करने में और भी ज्यादा कठिनाइयों का सामना करना पड़ता। ...
4
4
5
पौराणिक कथा के अनुसार देवी ललिता आदि शक्ति का वर्णन देवी पुराण से प्राप्त होता है। नैमिषारण्य में एक बार यज्ञ हो रहा था जहां दक्ष प्रजापति के आने पर सभी देवता गण उनका स्वागत करने के लिए उठे।
5
6
आज सोम प्रदोष व्रत मनाया जा रहा है। इस व्रत की पौराणिक कथा के अनुसार एक नगर में एक ब्राह्मणी रहती थी। उसके पति का स्वर्गवास हो गया था। उसका अब कोई आश्रयदाता नहीं
6
7
इस बार पितृ पक्ष ( Pitru Paksha 2021 Start Date) 20 सितंबर 2021, भाद्रपद मास की शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि से आरंभ पितृ पक्ष का समापन 6 अक्टूबर 2021, बुधवार को आश्विन मास की कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि को होगा।
7
8
अर्जुन ने बाण के द्वारा स्वर्ग से ऐरावत हाथी को बुला लिया। इधर सारे नगर में शोर मच गया कि कुंती के महल में स्वर्ग से इन्द्र का ऐरावत हाथी पृथ्वी पर उतारकर पूजा जाएगा। समाचार को सुनकर नगर के सभी नर-नारी, बालक एवं वृद्धों की भीड़ एकत्र होने लगी। उधर ...
8
8
9
एक बार महालक्ष्मी का पर्व आया। हस्तिनापुर में गांधारी ने नगर की सभी स्त्रियों को पूजा का निमंत्रण दिया परन्तु कुन्ती से नहीं कहा।
9
10
अभी श्राद्ध पक्ष चल रहा है। पितृ पर्व के इन दिनों में लगभग सभी के घरों में पितृ तर्पण करके उनको याद किया जाता है। श्राद्ध पक्ष में पितरों और देवताओं के लिए कई तरह के भोग बनाए जाते हैं।
10
11
नर्मदा की प्रेम-कथा लोकगीतों और लोककथाओं में अलग-अलग मिलती है लेकिन हर कथा का अंत कमोबेश वही कि शोणभद्र के नर्मदा की दासी जुहिला के साथ संबंधों के चलते नर्मदा ने अपना मुंह मोड़ लिया और उलटी दिशा में चल पड़ीं। सत्य और कथ्य का मिलन देखिए कि नर्मदा नदी ...
11
12
इस वर्ष 24 सितंबर 2021, शुक्रवार को आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की संकष्टी चतुर्थी मनाई जा रही है। इस दिन श्रीकृष्ण तथा बाणासुर की यह कथा पढ़ी जाती है। आइए पढ़ें-
12
13
शुक्रवार के दिन माता लक्ष्मी और माता कालिका के साथ ही संतोषी माता की उपासना भी की जाती है। इस दिन खटाई नहीं खाते हैं और माता का व्रत रखते हैं। माता संतोषी का व्रत रखने और उनकी कथा सुनने से भक्त की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती है। अविवाहितों के विवाह हो ...
13
14
श्राद्ध पक्ष की लोककथा के अनुसार जोगे तथा भोगे दो भाई थे। दोनों अलग-अलग रहते थे। जोगे धनी था और भोगे निर्धन। दोनों में परस्पर बड़ा प्रेम था।
14
15
अनंत चतुर्दशी की व्रत कथा कुछ इस प्रकार है। पुराने समय में सुमंत नाम के एक ऋषि हुआ करते थे उनकी पत्नी का नाम दीक्षा था। दोनों की बेटी सुशीला थी। सुशीला थोड़ी बड़ी हुई तो मां दीक्षा का स्वर्गवास हो गया।
15
16
श्री वेद व्यास ने गणेश चतुर्थी से श्री गणेश को लगातार 10 दिन तक महाभारत कथा सुनाई थी जिसे श्री गणेश जी ने अक्षरश: लिखा था। 10 दिन बाद जब वेद व्यास जी ने आंखें खोली तो पाया कि 10 दिन की अथक मेहनत के बाद गणेश जी का तापमान बहुत अधिक हो गया है।
16
17
हिंदू धर्म के अनुसार हर माह त्रयोदशी तिथि को प्रदोष व्रत रखा जाता है. इस दिन प्रदोष व्रत रखकर भगवान भोलेनाथ की उपासना की जाती है।
17
18
विश्वकर्मा एक महान ऋषि और ब्रह्मज्ञानी थे। ऋग्वेद में उनका उल्लेख मिलता है। कहते हैं कि उन्होंने ही देवताओं के घर, नगर, अस्त्र-शस्त्र आदि का निर्माण किया था। वे महान शिल्पकार थे। आओ जानते हैं उनके जीवन से जुड़ी 3 लोककथाएं। विश्वकर्मा की जयंती कन्या ...
18
19
भगवान श्रीकृष्ण की प्रेमिका राधा। महाभारत में 'राधा' के नाम का उल्लेख नहीं मिलता है। राधा का जिक्र विष्णु, पद्म पुराण और ब्रह्मवैवर्त पुराण में मिलता है। राधा और रुक्मणि दोनों ही कृष्ण से उम्र में बड़ी थीं। मान्यता और किवदंतियों के आधार पर आओ हम ...
19