3 लगातार छक्के लगाकर ऑस्ट्रेलिया को फाइनल में पहुंचाने वाले वेड अगले टी-20 विश्वकप के बाद ले सकते हैं संन्यास

Last Updated: गुरुवार, 18 नवंबर 2021 (14:12 IST)
ब्रिसबेन: ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाज ने गुरुवार को कहा कि वह अगले साल उनके देश में होने वाले टी20 विश्व कप के बाद संन्यास ले सकते हैं। वेड ने हाल में संपन्न टी20 विश्व कप के सेमीफाइनल में पाकिस्तान पर ऑस्ट्रेलिया की पांच विकेट की जीत में अहम भूमिका निभाते हुए 17 गेंद में नाबाद 41 रन की पारी खेली थी।

सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया को 10 गेंदों पर 21 रन चाहिए थे तब हसन अली ने वेड का कैच टपकाया था। उन्होंने इसके बाद अफरीदी के 19वें ओवर की आखिर तीन गेंदों पर शार्ट फाइन लेग, काउ कार्नर और फिर फाइन लेग पर विजयी छक्का लगाया था। इस पारी के कारण उन्हें मैन ऑफ द मैच चुना गया था।


एशेज के लिए ऑस्ट्रेलियाई टीम में जगह बनाने की दौड़ में वेड को एलेक्स कैरी ने पछाड़ दिया और इस विकेटकीपर का लक्ष्य अब अगले साल स्वदेश में टी20 विश्व कप खिताब की रक्षा में मदद करना है।‘क्रिकेट.कॉम.एयू’ ने वेड के हवाले से कहा, ‘‘यह मेरी अगली प्रेरणा है- उम्मीद करता हूं कि उस विश्व कप में खेलने का मौका मिलेगा, खिताब का बचाव करेंगे और इसके बाद मैं संन्यास ले सकता हूं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘निश्चित तौर पर उसके बाद मैं नहीं खेलूंगा (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट)। अब यही मेरा लक्ष्य है।’’इस विकेटकीपर बल्लेबाज ने खुलासा किया कि वह न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 विश्व कप फाइनल में मांसपेशियों में ग्रेड दो के खिंचाव के साथ खेले थे। उन्हें खिताबी मुकाबले से पहले ट्रेनिंग के दौरान यह समस्या हुई थी।

उन्होंने कहा, ‘‘मैच से पहले की रात मैं थोड़ा चिंतित था। अगर मैं सुबह उठता और बल्लेबाजी नहीं कर पाता तो मैं नहीं खेलता।’’वेड ने कहा, ‘‘मैं चिंतित था कि अगर हमें पहले बल्लेबाजी करनी पड़ी। मुझे आक्रामक होकर खेलना पड़ा और तब अगर चोट बढ़ गई तो मैं विकेटकीपिंग नहीं कर पाऊंगा और इससे टीम को काफी नुकसान होगा।’’
कप्तान आरोन फिंच ने कहा कि थोड़ा डर था कि वेड फाइनल में नहीं खेल पाएगा।उन्होंने कहा, ‘‘डॉक्टर ने उसका स्कैन कराया। वह नतीजा नहीं जानना चाहता था लेकिन मुझे पता था... ग्रेड दो की चोट के साथ खेलना मुश्किल होने वाला था।’’कप्तान की अगस्त में घुटने की सर्जरी हुई थी और उन्होंने खुलासा कि आईसीसी प्रतियोगिता की तैयारी करने के लिए उन्हें काफी कड़ी मेहनत करनी पड़ी।



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