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आखि‍र सर्द‍ियों में ही क्‍यों आता है Heart Attack जानि‍ए वजह?

गुरुवार,नवंबर 25, 2021
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यह रिसर्च इंग्लैंड की एक्सेटर यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने की है। रिपोर्ट का कहना है, अगर आप आधी रात में या काफी देर से सोने के लिए जाते हैं तो हार्ट डैमेज हो सकता है।
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एंटीबायोटिक प्रतिरोधी बैक्टीरिया की संख्या लगातार बढ़ रही है। इस कारण हर साल लाखों लोगों की मौत होती है। लेकिन अब इन मौतों को कम करने की तकनीक इजाद कर ली गई है जिसका नाम है सीआरआईएसपीआर-केस9।
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आप क्‍या खाते हैं ये आपके दिल पर असर डालता है लेकिन आप कैसे खाते हैं इसका असर भी आपके दिल पर पड़ता है। आपकी लाइफस्‍टाइल से हार्ट अटैक का खतरा भी बढ़ता है। नए अध्ययन में सामने आया है कि अकेले बैठकर खाना खाने से भी हार्ट डिजीज का खतरा बढ़ता है। The ...
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बॉस्टन यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन में यह रिसर्च की गई। शोधकर्ता के मुताबिक, लो ब्लड प्रेशर से जूझने वाले 10 फीसदी मरीजों में स्ट्रोक का खतरा रहता है।
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यह दावा एक स्टडी में किया गया है। रिसर्च में पाया गया कि सीकेडी यानी क्रॉनिक किडनी डिजीज के साथ हाई ब्लड प्रेशर की बीमारी से ग्रस्त वयस्कों में ग्लेसिटीन-3 के लेवल में वृद्धि का संबंध वायु प्रदूषण के संपर्क से हैं, जिसमें हार्ट के भीतर निशान बन जाते ...
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दुनिया में कोविड-19 का कहर अभी भी जारी है। इससे बचाव के लिए शोध लगातार किए जा रहे हैं। हालांकि कोविड वैक्सीन के बाद से कोरोना की रफ्तार काफी हद तक कम हो चुकी है। लेकिन यूरोपीय देशों में एक बार फिर से कोविड की लहर तेज हो गई है। अभी तक टीकाकरण इसका ...
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मेडि‍कल रिपोर्ट कहती है कि किसी भी बैक्टीरिया या वायरस से लड़ने के लिए इम्यून सिस्टम एंटीबॉडी बनाता है। धूप से शरीर यह एंटीबॉडी अधिक मात्रा में बनाने लगता है। इसके अलावा धूप सूजन और हाई ब्लड प्रेशर को भी कम करती है।
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आंवले का सेवन इम्युनिटी बढ़ाने में मदद करता है। आंवला अपने औषधीय गुणों के लिए सालों से इस्तेमाल किया जाता रहा है। ये न केवल संक्रमण, सर्दी और खांसी को रोकने के लिए फायदेमंद है।
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इन नतीजों का सिर्फ प्रजनन क्षमता की तुलना में व्यापक प्रभाव है, क्योंकि उच्च रक्तचाप, मधुमेह और हृदय जैसी कई स्थितियां हैं। ये बीमारियां वायु प्रदूषण के कारण मस्तिष्क की सूजन की वजह से हो सकती है।
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इस स्‍ट्रेन से संक्रमित मरीज को डेंगू दीमागी बुखार या फिर डेंगू शॉक सिंड्रोम भी हो सकता है। इस स्‍ट्रेन के मरीजों की हालत बेहद नाजुक होती है। इसमें बुखार, उल्‍टी, जोड़ों के दर्द, अल्टर्ड सेंसेरियम जैसी समस्याएं होती हैं।
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रिसर्च में बताया गया है कि गाय और सुअर के ब्‍लड में मिले माइक्रोप्लास्टिक इनके अंगों में जमा हो सकते हैं और इनके दूध के जरिए इंसानों तक पहुंच सकते हैं।
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वैज्ञानिकों का मानना है कि इसका एक कारण इंसान के जीन्स हैं। कमजोर डीएनए वाले लोगों में एक्सरसाइज के बावजूद इसका देर से असर होता है। वहीं, स्ट्रॉन्ग डीएनए वाले लोगों में असर जल्दी दिखता है।
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आंखों के पिछले हिस्से में दर्द, कमज़ोरी, भूख न लगना, गले में दर्द होना, मुंह का स्वाद खराब हो जाना और शरीर पर रैशेज़ जैसे लक्षण भी नज़र आ सकते हैं। इससे बचने के लिए यह जानना ज़रूरी है कि यह होता कैसे है।
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ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी की रिसर्च के अनुसार लोगों ने हेल्दी रहने के लिए नॉनवेज खाना या तो कम कर दिया है या फिर बहुत कम कर दिया है। इसी वजह से यहां रेड मीट की खपत में तेजी से कमी दर्ज की गई है। हालांकि चिकन और मछली खाने की तरफ लोगों का रुझान बढ़ा है।
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संगिनी कैंसर सोसायटी की संस्थापिका और सचिव स्वर्गीय अनुपमा नेगी की याद में संस्था का 13वां वार्षिक उत्सव “संगिनी की उमंग 2021 में कार्यक्रम का आयोजन 10 अक्‍टूबर, 2021 को किया गया। रविवार शाम 4 से 5 बजे तक ज़ूम लिंक पर इंदौरवाले समीर शर्मा आईटी ...
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महामारी ने दुनिया के लोगों के मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा असर डाला है। 10 अक्टूबर को दुनिया भर में विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया जाता है। इसी के मद्देनजर विश्व स्वास्थ्य संगठन ने इस साल जोर दिया है कि मानसिक स्वास्थ्य के कारणों को गंभीरता से लिया ...
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संगिनी कैंसर सोसायटी की संस्थापिका व सचिव स्वर्गीय अनुपमा नेगी की याद में संस्था के 13 वा वार्षिक उत्सव संगिनी की उमंग 2021 में कार्यक्रम का आयोजन कोविड 19 के चलते इस बार. अक्टोबर 10 , 2021 रविवार शाम 4 से 5 बजे तक ज़ूम लिंक पर होगा।
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ब्लड प्रेशर को समझने के लिए ब्रिटेन के 2.50 लाख लोगों पर रिसर्च की गई। इनकी उम्र 35 से 44 साल के बीच थी और ये हाई ब्लड प्रेशर से जूझ रहे थे। एमआरआई रिपोर्ट में सामने आया कि इनमें से 61 फीसदी लोगों को भविष्य में याददाश्‍त कम होने का खतरा रहता है।
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अधिक शोर होने पर धमनियों में सूजन भी आई। इससे दिल पर दबाव और बढ़ा। रिसर्च रिपोर्ट के मुताबिक, ध्वनि प्रदूषण नींद पर भी बुरा असर डालता है। रात में प्लेन के कारण होने वाले शोर से मेटाबॉलिज्म पर भी बुरा असर पड़ता है।
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