0

पूर्णिमा पर 'ॐ जय जगदीश हरे' इस आरती से प्रसन्न होंगे श्रीहरि विष्णु

रविवार,सितम्बर 19, 2021
0
1
अगर आप भी जीवन में सफलता, खुशी, संतान, नौकरी, यश, सुख, समृद्धि, धन-वैभव, पराक्रम, प्रेम जैसे 10 बड़े आशीष पाने हैं तो डोल ग्यारस पर अवश्य पढ़ें श्री कृष्ण चालीसा...
1
2
आरती राधाजी की कीजै। कृष्ण संग जो कर निवासा, कृष्ण करे जिन पर विश्वासा। आरती वृषभानु लली की कीजै। आरती...कृष्णचन्द्र की करी सहाई, मुंह में आनि रूप दिखाई।
2
3
महालक्ष्मी व्रत पूजा के समय पढ़ें धन की देवी महालक्ष्मी जी की आरती और उनके पौराणिक मंत्र- ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता । तुमको निस दिन सेवत हर-विष्णु-धाता ॥ॐ जय...
3
4
धार्मिक शास्त्रों में किसी भी खास अवसर पर धन की देवी लक्ष्मी पूजन करने का बहुत महत्व माना गया है। इस दिन माता लक्ष्मी का यह चालीसा जीवन को खुशहाली से भरकर मनचाहा आशीर्वाद देता है
4
4
5
भगवान श्री गणेश की पूजा के बिना हिंदू धर्म में कोई भी पूजा पूरी नहीं मानी जाती। अत: खास कर बुधवार के दिन इन आरतियों से करें भगवान श्री गणेश को प्रसन्न। यहां आपके लिए प्रस्तुत हैं गणेश जी की 3 विशेष आरतियां...
5
6
श्री गणेश चालीसा- जय गणपति सद्गुण सदन कविवर बदन कृपाल। विघ्न हरण मंगल करण जय जय गिरिजालाल॥
6
7
तीज के दिन इस चालीसा का पाठ अवश्य करना चाहिए। माता पार्वती बहुत दयालु हैं, उनकी सच्चे मन से आराधना करने से वे हमारी गलतियों को तुरंत माफ कर देती हैं। उनकी प्रिय चालीसा हमें जीवन में नित नई ऊंचाइयों पर ले जाती है। यहां पढ़ें श्री पार्वती चालीसा का ...
7
8
जय पार्वती माता जय पार्वती माता, ब्रह्म सनातन देवी शुभ फल कदा दाता। जय पार्वती माता जय पार्वती माता। अरिकुल पद्मा विनासनी जय सेवक त्राता
8
8
9
श्री गणेश द्वादश नाम स्तोत्रम् में भगवान श्री गणेश के 12 नामों का वर्णन किया हैं। इन नामों का पाठ करने से मनुष्य के जीवन सबकुछ मंगल ही मंगल होने लगता है।
9
10
आरती कुंजबिहारी की श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की। गले में बैजन्तीमाला बजावैं मुरलि मधुर बाला॥
10
11
जन्माष्टमी के दिन अवश्य पढ़ें श्री कृष्ण चालीसा, मिलेंगे यश, सुख, समृद्धि, धन-वैभव, पराक्रम, सफलता, खुशी, संतान, नौकरी, प्रेम जैसे 10 बड़े आशीष...
11
12
यह आरती करने से श्री हरि विष्णु प्रसन्न होकर खुशहाल जीवन का आशीर्वाद देते हैं। यहां पढ़ें ॐ जय जगदीश हरे, स्वामी! जय जगदीश हरे...
12
13
भगवान शिव की सभी स्तुतियों में शिव चालीसा को श्रेष्ठ और कल्याणकारी माना गया है। खासतौर पर महाशिवरात्रि पर या श्रावण मास में श्री शिव चालीसा का पाठ करने व सुनने से घर में सुख-शांति, धन-वैभव और प्रेम की वृद्धि होती है
13
14
शिव चालीसा की 40 शुभ पंक्तियां चमत्कारी हैं। शिव चालीसा सरल है लेकिन अत्यंत प्रभावशाली है। चालीसा का निरंतर 40 बार पाठ करने से वह सिद्ध हो जाता
14
15
जय पार्वती माता जय पार्वती माता, ब्रह्म सनातन देवी शुभ फल कदा दाता। जय पार्वती माता जय पार्वती माता। अरिकुल पद्मा विनासनी जय सेवक त्राता
15
16

श्री नाग स्तोत्र | Shri Nag Stotra

सोमवार,अगस्त 9, 2021
नाग पंचमी, मौना पंचमी या किसी भी माह की शुक्ल पंचमी पर नाग स्त्रोत का पाठ करने से सभी तरह के काल सर्प दोष, सर्प भय आदि से मुक्ति मिलती है। यहां प्रस्तुत है श्री नाग स्त्रोतम।
16
17
जय शीतला माता, मैया जय शीतला माता, आदि ज्योति महारानी सब फल की दाता। जय शीतला माता... रतन सिंहासन शोभित, श्वेत छत्र भ्राता, ऋद्धि-सिद्धि चंवर ढुलावें, जगमग छवि छाता। जय शीतला माता...
17
18
मां शीतला चालीसा :ये देवी हाथों में कलश, सूप, मार्जन यानी झाड़ू तथा नीम के पत्ते धारण करती हैं। यह चेचक आदि कई रोगों की देवी बताई गई है। यहां पाठकों के लिए प्रस्तुत हैं शीतला माता चालीसा।
18
19
शिव आरती- जय शिव ओंकारा ॐ जय शिव ओंकारा । ब्रह्मा विष्णु सदा शिव अर्द्धांगी धारा ॥ ॐ जय शिव...॥
19