ओमान से पिता की वापसी के लिए नाबालिग किशोरी ने केंद्र सरकार से लगाई गुहार, बोली- मेरे पापा को पासपोर्ट दिला दो

अवनीश कुमार| Last Updated: गुरुवार, 9 सितम्बर 2021 (14:08 IST)
हरदोई। उत्तरप्रदेश में सोशल मीडिया पर एक 7 साल की बच्ची का वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें वह ओमान से अपने पिता की वापसी के लिए लोगों से लगा रही है, साथ में उसकी मां भी वीडियो के माध्यम से अपने पति की वापसी के लिए सरकार से वह आम लोगों से अपील कर रही है। इस वीडियो को देखने के बाद सोशल मीडिया पर 7 साल की नाबालिग बच्ची के पिता की वापसी को लेकर आम लोग मुहिम चला रहे हैं और वहीं सरकार से इस बच्ची के पिता को सुरक्षित लाने की गुहार भी कर रहे हैं। आपको बताते चलें कि वायरल हो रहे वीडियो की पुष्टि 'वेबदुनिया डॉट कॉम' नहीं करता है।
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सोशल मीडिया पर वीडियो किया वायरल : उत्तरप्रदेश को छोड़कर बच्चों व परिवार के लिए विदेश ओमान नौकरी करने गए हमीरपुर के कछौना निवासी चन्द्रशेखर ओमान से वापस आना चाहते हैं लेकिन आ नहीं पा रहे हैं जिसको लेकर उनकी पत्नी रचना व 7 साल की नाबालिग बेटी ने अपने पति की स्वदेश वापसी की मांग को लेकर एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करते हुए सरकार से पत्नी ने पति तो नाबालिग बेटी ने पिता को वापस लाने का अनुरोध किया है। वायरल वीडियो में महिला ने बताया है कि उसका पति ओमान में जहां नौकरी करता है, उस कंपनी के मालिक ने उनका पासपोर्ट अपने पास रख लिया है। इसके बदले महिला ने 30 हजार रुपए भी यहां से भेजे लेकिन बीमार पति का वीजा पासपोर्ट वापस नहीं कर रहा है, तो वहीं 7 साल की नाबालिग बेटी ने गुहार लगाई है कि उनके पिता को वापस भेज दो। उनकी तबीयत ठीक नहीं है और घर में भी हम सब लोग बीमार हैं।




पत्रकारों से बयां किया दर्द : उत्तरप्रदेश के हरदोई के कछौना में अपने 2 छोटे बच्चों आरोही (7) व अंश (2) के साथ रह रही पीड़ित महिला रचना सोनी ने सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल वीडियो को लेकर पत्रकारों को बताया कि वह वीडियो उन्हीं के द्वारा बनाया गया है। रचना ने दर्द बयां करते हुए कहा कि 6 महीने पहले (फरवरी माह में) उसका पति चंद्रशेखर सोनी राजस्थान के एक युवक के साथ नौकरी के लिए ओमान गया था। लगभग 2 महीने के बाद फोन पर बातचीत के दौरान उसके पति ने अपने बीमार होने की सूचना दी और बताया कि कंपनी के द्वारा किसी भी प्रकार की मेडिकल सुविधाएं प्रदान नहीं की जा रही है इसलिए इलाज के लिए 20 हजार रुपए भेज दो।


रचना सोनी ने बताया कि लगभग एक-डेढ़ महीने बाद एक दिन फिर उसके पति चंद्रशेखर का फोन आया और उन्होंने कहा कि उसकी तबीयत ज्यादा खराब है, घर वापस आना चाहता हूं, पर कंपनी का मालिक यूसुफ हबीब सालेह अल सैदी वीसा का (150 रियाल) रुपया बकाया होने के कारण पासपोर्ट नहीं दे रहा है। रचना ने बताया कि उसने फिर किसी तरह से प्रबंध करके फिर 30 हजार रुपए भारत से ओमान भेजे। रचना ने बताया कि फिर उसके कुछ दिन बाद उसके पति ने फोन करके बताया कि कंपनी का मालिक अपनी बात से मुकर गया है। वह पासपोर्ट नहीं दे रहा है तथा स्वास्थ्य खराब होने के बावजूद उसे जबरन मजदूरी करने के लिए भी बाध्य कर रहा है। रचना सोनी ने बताया कि पति की पीड़ा सुनकर वह काफी परेशान थी। उसने अपने मायके पक्ष के लोगों को पूरी बात बताई और फिर 21 जून को अपने गृह जनपद उन्नाव के जिलाधिकारी को लिखित प्रार्थना पत्र सौंपा।

और कोई नहीं था चारा : पीड़ित महिला ने बताया कि प्रार्थना पत्र देने के लगभग 2 सप्ताह बाद जनपद हरदोई की कछौना पुलिस टीम ने घर पर आकर जानकारी ली और बताया कि इस मामले में वह कुछ नहीं कर सकते। जो भी मदद होगी वह दिल्ली स्थित दूतावास या विदेश मंत्रालय से ही हो सकती है। पीड़ित महिला रचना सोनी ने कहा कि यह जानने के बाद कि अब भारत सरकार से गुहार लगाने के सिवाय उसके पास कोई चारा नहीं है इसलिए उसने सोशल मीडिया पर वीडियो के माध्यम से भारत सरकार से अनुरोध कर अपने पति चंद्रशेखर की घर वापसी के लिए मदद की गुहार लगाई है।



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