EXCLUSIVE : इंटरव्यू का वह सवाल जिसने जागृति अवस्थी को बनाया IAS टॉपर ?

IAS टॉपर जागृति अवस्थी की जुबानी, उनकी सफलता की पूरी कहानी

Author विकास सिंह| Last Updated: शनिवार, 25 सितम्बर 2021 (17:42 IST)
भोपाल की जागृति अवस्थी ने UPSC-2020 की परीक्षा में महिला वर्ग में देश में टॉप करने के साथ ओवरऑल दूसरी रैंक हासिल की। अपनी इस सफलता का श्रेय जागृति अपने माता-पिता को देती है। ‘वेबदुनिया’ ने जागृति से खास बातचीत का उनकी IAS बनने के पूरे सफर को जानने की कोशिश की।


IAS में सफलता का मूल मंत्र ?- ‘वेबदुनिया’ से बातचीत में IAS टॉपर जागृति अवस्थी अपने सफलता के सक्सेस मंत्र को साझा करते हुए कहती है कि “जीवन में कभी पीछे नहीं देखना और करके ही चैन लेना” उनकी सफलता का मूल मंत्र है। जागृति कहतीं है कि मैंने जो भी जीवन में तय किया उसको करके ही दम लिया।
IAS टॉपर जागृति कहती हैं कि खुद पर यकीन रखना और मेहनत ही आपको सफलता दिलाता है। IAS की तैयारी करने वालों को टिप्स देते हुए जागृति कहती है कि IAS की तैयारी के लिए स्मार्ट वर्क करना चाहिए जिसमें परीक्षा को लेकर अपनी रणनीति बनाने के साथ बार-बार रिवाइस और प्रैक्टिस करने के साथ हौंसला रखना बहुत जरूरी है। इसके साथ कभी हार नहीं माननी है जब तक सेलेक्शन न हो जाए।

इंटरव्यू का सवाल जिसने बनाया टॉपर?-
IAS की परीक्षा में इंटरव्यू का बहुत अहम रोल होता है। जागृति 'वेबदुनिया' से बातचीत में कहती हैं कि इंटरव्यू में कुछ ऐसे प्रश्न थे जहां पर मुझे अपना व्यक्तिगत मत व्यक्त करने का मौका मिला। इंटरव्यू में मुझसे मध्यप्रदेश के टूरिज्म जातिगत जनगणना, आरक्षण को लेकर सवाल पूछे गए। चूंकि टूरिज्म में मेरी रूचि भी थी इसलिए मैंने प्रदेश के बहुत सारे फोर्ट में वैडिंग डेस्टिनेशन बनाने के साथ शूटिंग के लिए बाहर से लोगों को बुलाने का सुझाव दिया। जागृति कहती हैं कि इंटरव्यू में मैंने ओपिनियन बेस प्रश्न को अच्छे से जवाब दिया जिससे इतनी अच्छी रैंक हासिल हुई।

जागृति कहतीं है कि इंटरव्यू की तैयारी के लिए उन्होंने ऑनलाइन मॉक इंटरव्यू दिए है क्योंकि कोरोना की दूसरी लहर के चलते बाहर निकलना मुश्किल था। घर से ऑनलाइन मॉक इंटरव्यू देने के बाद उनका फीडबैक लेकर उसमें सुधार करती थी।
B-Tech के बाद IAS में सोशियोलॉजी क्यों ?- भोपाल में मैनिट से 2017 में मैक्निकल इंजीनियरिंग में बीटेक करने वाली जागृति ने IAS में ऑप्शनल सब्जेक्ट के रूप में सोशियोलॉजी को चुना। जागृति कहती हैं कि सोशियोलॉजी ने उनकी समाज और अपने आसपास घटने वाली घटनाओं को देखने और समझने में उनकी काफी मदद की। इसके साथ इंटरव्यू के दौरान सोशलियोलॉजी से बहुत मदद मिली।

IAS की तैयारी कैसे करें?- UPSC परीक्षा में देश में दूसरी रैंक हासिल करने वाली जागृति कहती हैं IAS की तैयारी को प्रीलिम्स, मेंस और इंटरव्यू में अलग-अलग नहीं बांट सकते है। प्रीलिम्स के लिए एग्जाम से तीन महीने पहले फोकस करना काफी मददगार हो सकता है। वहीं सब्जेक्ट को पूरी तरह गहराई से अध्ययन करना जरुरी है।

कब सोचा कि IAS बनना है?- ‘वेबदुनिया’ से बातचीत में जागृति कहती हैं कि स्कूल के पढ़ाई के दौरान ही दिमाग में आ गया था कि IAS बनना है लेकिन IAS
के एग्जाम को क्लियर करने के तैयरी BHEL की नौकरी करते हुए जनवरी 2019 से शुरु की लेकिन जब पहले प्रयास में प्रीलिम्स ही नहीं क्लियर कर पाई तब भेल की नौकरी छोड़ पूरी तरह IAS
की तैयारी में जुट गई और दूसरे प्रयास में सफलता हासिल की।
IAS अफसर के तौर पर क्या करना चाहेगी?-जागृति कहतीं है कि एख IAS अफसर के तौर पर वह रूरल डेवलपमेंट के लिए काम करना चाहेगी। विशेष ग्रामीण महिलाओं की स्थिति सुधारने के लिए कुछ अलग सा करने कोशिश रहेगी। जागृति कहती हैं कि IAS अफसर की चुनौतियों को वह बाखूबी समझती है लेकिन जब समाज के प्रति कुछ अच्छा करने की चाह होती है तो सबकुछ झेल जाते है।





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