देवास में आदिवासी महिला के साथ बर्बरता, पति को कंधे पर बैठाकर गांव में निकाला जुलूस

विशेष प्रतिनिधि| Last Updated: सोमवार, 4 जुलाई 2022 (19:30 IST)
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मध्यप्रदेश के जिले के बागली तहसील से आदिवासी महिला के साथ बर्बरता की खौफनाक तस्वीरें समाने आई है। सरेआम महिला को घंटों तक लोग लात-घूसों और बेल्ट से पीटते रहे। पीड़ित महिला रहम की भीख मांगती रही लेकिन किसी को भी दया नहीं आई। इस दौरान घटना स्थल पर मौजूद लोग महिला को बचाने की जगह वीडियो बनाते रहे।


पूरा मामला देवास जिले के पुंजापुरा के ग्राम बोरपड़ाव का है। बताया जा रहा है पूरा मामला प्रेम प्रंसग से जुड़ा बताया जा रहा है। पीड़ित महिला कुछ दिनों पहले प्रेमी के साथ रहने चली गई थी। इसकी सूचना पर आरोपियों ने महिला को उसके प्रेमी के घर से पकड़ा और बेरहमी से पिटाई कर दी। ग्रामीणों ने महिला के गले में चप्पल की माला डाली और उसके पति को महिला के कंधे पर बैठाकर पूरे गांव में जुलूस निकाला।
इस दौरान भीड़ पूरे रास्ते महिला के साथ मारपीट करती रही। पिटाई के दौरान महिला दो बार बेसुध होकर गिर गई। बावजूद लोग पीटते रहे। हैवानियत की हदें पार करते हुए महिला के कपड़े भी फाड दिए। करीब एक घंटे तक लोग उसके साथ बर्बरता करते रहे। लेकिन तमाशबीन होकर वीडियो बनाते रहे। पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

बताया जा रहा है कि महिला के 3 बच्चे हैं जिसमें दो लड़की और एक लड़का है। महिला गांव के ही हरिसिंह से प्रेम करती थी और उसके घर चली गई थी। महिला के प्रेमी हरि सिंह ने उदयनगर थाने में इस बात की शिकायत की है। देवास एएसपी सूर्यकांत शर्मा के मुताबिक पूरे मामले थाना उदायनगर में 11 नामजद लोगों खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। इनमें उसका पति मांगीलाल का भी नाम शामिल है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए 9 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।

कमलनाथ ने शिवराज सरकार पर साधा निशाना-पूरी घटना पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने निशाना साधते हुए ट्वीट कर लिखा कि देवास के बागली के उदयनगर में एक आदिवासी महिला के कंधे पर उसके पति को बिठाकर पिटाई करते हुए उसका जुलूस निकाला गया। शिवराज जी मैं आपसे पूछना चाहता हूं कि प्रदेश में आदिवासी महिलाओं पर इस कदर के बर्बर जुल्म क्यों हो रहे हैं? आखिर क्या वजह है कि आप घोषणाएं करते जाते हैं और आदिवासी महिलाओं पर अत्याचार बढ़ते जाते हैं? यह पहला मामला नहीं है, कभी नेमावर में आदिवासी परिवार को जमीन में जिंदा गाड़ दिया जाता है, कभी नीमच में एक आदिवासी को जीप से बांधकर घसीटकर कर मार डाला जाता है। बहुत से मामलों में इस तरह के जुल्म करने में भाजपा कार्यकर्ताओं का हाथ भी सामने आ चुका है।



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