ज्ञान दिवस के रूप में मनाया गया जन्माष्टमी पर्व

पुनः संशोधित मंगलवार, 31 अगस्त 2021 (22:48 IST)
इंदौर। सामान्यत: हम हमारी सोच किसी त्योहार मनाने में, उस आराध्य के भजन-पूजन में निकाल देते हैं। दरअसल, हमें उस त्योहार या पर्व के माध्यम से आने वाली पीढ़ी को संदेश देना चाहिए। इसी कड़ी में कृष्ण जन्माष्टमी के रूप में मनाई गई।


इस अवसर पर कृष्णा गुरुजी ने कहा कि कृष्ण के जन्म से जुड़ी लीला पर हमने ध्यान दिया, उनके रिश्तों के दर्द को कभी नहीं समझा। आज के दिन देवकी मां ने प्रसव पीड़ा सहकर कृष्ण को जन्म दिया। इतना ही नहीं प्रसव के बाद 14 वर्ष तक अपनी संतान से मिल भी नहीं पाईं। सभी माताओं को अपनी-अपनी संतान से पीड़ा की तुलना देवकी मां से करें, अपनी पीड़ा स्वत: कम लगने लगेगी।

वसुदेव अपने हाथों से से अपने पुत्र को किसी और के घर छोड़ आए। उस पिता में अपने आप को रखकर देखें।
कृष्ण जन्म एक संदेश लेकर आता है। आप भी अपने सभी रिश्तों के साथ न्याय करें। पर अन्याय के आगे झुकें नहीं, वो भले ही आपके सगे ही क्यों न हो, उनको जवाब उन्ही की भाषा में दें। गोपाल यानी अपनी इंद्रियों को रक्षा। इंद्रियों को जिसने पाला वह गोपाल हो गया।

आमंत्रित अथिति नितिन वैद्य ने कहा आज का युग असंगठित सज्जनों और संगठित दुर्जनों का है। संगठित कैसे रहें, अपनी धर्म की रक्षा कैसे करें, यह भागवत गीता हमें सिखाती है। वैद्य ने कृष्णा गुरुजी को धन्यवाद दिया कि जन्माष्टमी को ज्ञान दिवस के रूप में मनाने का संकल्प लिया। ज्ञान के बगैर जीवन अधूरा है।
यूरोप मोंटीकॉर्लो से वेसना दासी ने कहा सिर्फ कृष्ण के नाम से उनका जीवन बदला गया। अंत में कृष्णा गुरुजी ने कृष्ण ध्यान करवाया एवं कृष्ण भजन के साथ ज्ञान दिवस का समापन किया। भारती मंडलोई ने संस्कृत में हैप्पी बर्थडे गीत गाया। कार्यक्रम का संचालन जया लक्ष्मी गणपति, सिएटल (अमेरिका) ने किया। आभार अतनु बसु ने किया।
इस अवसर पर डिवाइन एस्ट्रो हीलिंग परिवार के देश-विदेश के सदस्यों के साथ अन्य गणमान्य लोग भी उपस्थित थे।
सबकी मंजिल एक : इससे पूर्व 11 अगस्त को डिवाइन एस्ट्रो हीलिंग परिवार द्वारा महामारी मुक्त विश्व के लिए संयुक्त प्रार्थना की गई। इस अवसर पर देश-विदेश के ख्याति प्राप्त लोगों ने आयोजन ऑनलाइन शिरकत की।
आयोजक शहर के अंतरराष्ट्रीय हीलर योग गुरु कृष्णा मिश्रा गुरुजी ने कहा की साल में 1 दिन ऐसा भी होना चाहिए जिसमे सभी धर्म, जाति, भाषा के लोग अपनी भाषा में प्रार्थना करें, एक मकसद से मानव धर्म के लिए। महामारी ने हमें सिखा दिया कि मानव ही मानव के काम आ सकता, बशर्ते कोई स्वार्थ न हो।

कार्यक्रम में सर्वप्रथम घाना के इस्कॉन ग्रुप की गणेश वंदना ने सबका मन मोह लिया। मसीही समाज के बिशप चाको, इंदौर शहर के काजी इशरत अली, आर्य समाज के आचार्य डॉ. संजय देव, दुबई से जीतू मतलानी, बॉलीवुड एक्ट्रेस कनिका माहेश्वरी आदि ने सर्वधर्म प्रार्थना का महत्व बताया। अगला ग्लोबल हीलिंग डे सिएटल (अमेरिका) में आयोजित किया जाएगा।



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