सफला एकादशी व्रत है 30 दिसंबर 2021 को, जानिए इस व्रत को करने के 26 फायदे


सफला एकादशी 30 दिसंबर 2021 को है...जानिए इस व्रत को करने के 26 अद्भुत फायदे


व्यक्ति निरोगी रहता है,

राक्षस, भूत-पिशाच आदि योनि से छुटकारा मिलता है,

पापों का नाश होता है,

संकटों से मुक्ति मिलती है,

सर्वकार्य सिद्ध होते हैं,

सौभाग्य प्राप्त होता है,

मोक्ष मिलता है,

विवाह बाधा समाप्त होती है,

धन और समृद्धि आती है,

शांति मिलती है,

मोह-माया और बंधनों से मुक्ति मिलती है,

हर प्रकार के मनोरथ पूर्ण होते हैं,

खुशियां मिलती हैं,

सिद्धि प्राप्त होती है,

उपद्रव शांत होते हैं,

दरिद्रता दूर होती है,

खोया हुआ सबकुछ फिर से प्राप्त हो जाता है,

पितरों को अधोगति से मुक्ति मिलती है,

भाग्य जाग्रत होता है,

ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है,

पुत्र प्राप्ति होती है,

शत्रुओं का नाश होता है,

सभी रोगों का नाश होता है,

कीर्ति और प्रसिद्धि प्राप्त होती है,

वाजपेय और अश्‍वमेध यज्ञ का फल मिलता है और

हर शुभ कार्य में सफलता मिलती है।
सफला एकादशी 29 दिसंबर, 2021 को शाम के 4 बजकर 12 मिनट पर शुरू होगी, जो अगले दिन 30 दिसंबर के 01 बजकर 40 मिनट पर समाप्त हो जाएगी।
मुहूर्त

पौष, कृष्ण एकादशी प्रारंभ - शाम 04:12, 29 दिसंबर, 2021
पौष, कृष्ण एकादशी समाप्त - 01 बजकर 40 मिनट 30 दिसंबर
सफला एकादशी पारण समय

31 दिसंबर को प्रात: 07:14 से 09:18 के बीच व्रत को खोलें

पारण तिथि के दिन द्वादशी समाप्त होने का समय दिन में 10:39 का है।

सफला एकादशी का शुभ मुहूर्त, कथा,पूजा विधि और व्रत के 5 फायदे

ALSO READ:
सफला एकादशी के दिन भूलकर भी न करें ये 10 कार्य





और भी पढ़ें :