राहतभरी खबर, भारत में घटे कोरोना के नए मरीज, एक्टिव मरीजों की संख्या 15,000 के करीब

Last Updated: शुक्रवार, 20 मई 2022 (13:34 IST)
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नई दिल्ली। भारत में 1 दिन में 2,259 और लोगों के कोरोनावायरस से संक्रमित पाए जाने से कोविड महामारी के कुल मामलों की संख्या 4,31,31,822 हो गई है जबकि उपचाराधीन मरीजों की संख्या घटकर 15,044 रह गई है।

के शुक्रवार सुबह 8 बजे तक के अद्यतन आंकड़ों के अनुसार 20 और मरीजों के की वजह से जान गंवाने के बाद मृतकों की संख्या 5,24,323 पर पहुंच गई है। उपचाराधीन मरीजों की संख्या संक्रमण के कुल मामलों का 0.03 प्रतिशत है जबकि कोविड-19 से स्वस्थ होने की राष्ट्रीय दर 98.75 फीसदी है।
मंत्रालय ने बताया कि बीते 24 घंटे में कोविड-19 के उपचाराधीन मरीजों की संख्या में 375 की कमी दर्ज की गई है। संक्रमण की दैनिक दर 0.50 प्रतिशत और साप्ताहिक संक्रमण दर 0.53 प्रतिशत दर्ज की गई है। इस बीमारी से उबरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 4,25,92,455 हो गई है जबकि मृत्यु दर 1.22 प्रतिशत है। देशव्यापी कोविड-19 रोधी टीकाकरण अभियान के तहत अभी तक लोगों को 191.96 करोड़ खुराकें दी जा चुकी हैं।

गौरतलब है कि देश में सात अगस्त 2020 को कोरोनावायरस संक्रमितों की संख्या 20 लाख, 23 अगस्त 2020 को 30 लाख और पांच सितंबर 2020 को 40 लाख से अधिक हो गई थी। संक्रमण के कुल मामले 16 सितंबर 2020 को 50 लाख, 28 सितंबर 2020 को 60 लाख, 11 अक्टूबर 2020 को 70 लाख, 29 अक्टूबर 2020 को 80 लाख और 20 नवंबर 2020 को 90 लाख के पार चले गए थे।
देश में 19 दिसंबर 2020 को ये मामले 1 करोड़ से अधिक हो गए थे। पिछले साल 4 मई को संक्रमितों की संख्या 2 करोड़ और 23 जून 2021 को 3 करोड़ के पार पहुंच गई थी। इस साल 26 जनवरी को मामले 4 करोड़ के पार हो गए थे।

आंकड़ों के मुताबिक जिन 20 और मरीजों की कोरोनावायरस के कारण मौत हुई है, उनमें से 17 की केरल में तथा 2 की उत्तरप्रदेश और 1 की दिल्ली में हुई। देश में इस महामारी से अब तक 5,24,323 लोग जान गंवा चुके हैं। इनमें से 1,47,856 की मौत महाराष्ट्र, 69,457 की केरल, 40,106 की कर्नाटक, 38,025 की तमिलनाडु, 26,199 की दिल्ली, 23,516 की उत्तरप्रदेश तथा 21,203 लोगों की मौत पश्चिम बंगाल में हुई।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि अब तक जिन लोगों की कोरोनावायरस के संक्रमण से मौत हुई है, उनमें से 70 प्रतिशत से अधिक मरीजों को अन्य बीमारियां भी थीं। मंत्रालय ने अपनी वेबसाइट पर बताया कि उसके आंकड़ों का भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के आंकड़ों के साथ मिलान किया जा रहा है।



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